सतना में आदि शंकराचार्य जी के जीवन पर आधारित भव्य एकपात्रीय नाट्य मंचन, सनातन चेतना का हुआ जागरण

*सनातन धर्म की रक्षा का संदेश देता आदि शंकराचार्य जी के जीवन पर आधारित नाट्य मंचन*
*डॉ. राकेश मिश्र का प्रेरणादायक प्रयास: आदि शंकराचार्य जी के जीवन से युवा पीढ़ी सीखे: उत्तम बनर्जी*
*टाउन हॉल सतना में आदि शंकराचार्य जी के जीवन पर आधारित एकपात्रीय नाट्य मंचन का आयोजन*
*नाट्य मंचन के माध्यम से जीवंत हुई आदि शंकराचार्य जी की सनातन चेतना*
सतना | 10 जनवरी।पं. गणेश प्रसाद मिश्र सेवा न्यास, सतना द्वारा टाउन हॉल में जगद्गुरु आदि शंकराचार्य जी के जीवन, दर्शन एवं सनातन धर्म की रक्षा पर आधारित एक भव्य एकपात्रीय नाट्य मंचन का आयोजन किया गया। कार्यक्रम ने उपस्थित जनसमूह को सनातन संस्कृति, आध्यात्मिक चेतना और राष्ट्रीय एकता के भाव से ओतप्रोत कर दिया।
कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि योगेश ताम्रकार (महापौर, सतना),
उत्तम बनर्जी (प्रांत कार्यवाह, राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ), पं. पीयूष दास जी महाराज (महंत, डाली बाबा मंदिर),
अनंत कुमार सोनी (चेयरमैन , एकेएस विश्वविद्यालय) एवं डॉ. राकेश मिश्र (अध्यक्ष, पं. गणेश प्रसाद मिश्र सेवा न्यास) द्वारा आदि गुरु शंकराचार्य जी, सेवा न्यास के प्रेरणास्रोत पं. गणेश प्रसाद मिश्र एवं श्रीमती शांति मिश्र के चित्रों के समक्ष दीप प्रज्वलन एवं पुष्पांजलि अर्पित कर किया गया।
इस अवसर पर आरएसएस के प्रांत कार्यवाह उत्तम बनर्जी ने कहा कि सेवा न्यास के अध्यक्ष डॉ. राकेश मिश्र द्वारा सनातन धर्म के प्रचार-प्रसार हेतु किया गया यह आयोजन अत्यंत सार्थक, प्रेरणादायक एवं समाज को दिशा देने वाला प्रयास है। ऐसे आयोजनों से आने वाली पीढ़ी अपने धर्म, संस्कृति और राष्ट्र के प्रति जागरूक होगी।
*सनातन धर्म की रक्षा का संदेश देता आदि शंकराचार्य जी के जीवन पर आधारित नाट्य मंचन: पीयूष दास जी महाराज*
एकपात्रीय नाट्य मंचन में श्री दामोदर रामदासी जी महाराज ने अपने सशक्त अभिनय के माध्यम से आदि शंकराचार्य जी द्वारा सनातन धर्म की रक्षा हेतु चार धाम बद्रीनाथ, जगन्नाथ पुरी, द्वारकाधीश एवं रामेश्वरम् की स्थापना का अत्यंत प्रभावशाली चित्रण प्रस्तुत किया। मंचन में यह दर्शाया गया कि गुरु आज्ञा के पालन में आदि शंकराचार्य जी ने अपना संपूर्ण जीवन सनातन धर्म के प्रचार-प्रसार और राष्ट्र की आध्यात्मिक एकता के लिए समर्पित कर दिया।
नाट्य प्रस्तुति में यह भी बताया गया कि बद्रीनाथ धाम वह पावन स्थल है जहाँ महर्षि वेदव्यास जी ने महाभारत एवं श्रीमद्भागवत महापुराण की रचना कर उसे लिपिबद्ध किया, जो सनातन परंपरा की अमूल्य धरोहर है।
कार्यक्रम का सफल संचालन श्रीमती मनीषा सिंह ने किया। अंगवस्त्र पहनाकर स्वागत में राजीव व्यास, अजय मिश्र, नितिन मिश्र एवं प्रिया त्रिपाठी की सक्रिय भूमिका रही, जबकि आभार प्रदर्शन विजय पटेल द्वारा किया गया।
*इनकी रही प्रमुख उपस्थिति:*
कार्यक्रम में प्रमुख रूप से योगेश ताम्रकार (महापौर, सतना),
उत्तम बनर्जी, पं. पीयूष दास जी महाराज, अनंत कुमार सोनी,
डॉ. सुनील अग्रवाल, विनोद यादव, मनीष तिवारी, मनोज चतुर्वेदी,
विवेक अग्रवाल, श्रीमती विमला पांडे, दादोली प्रसाद पांडे, पन्नालाल अवस्थी, विजय तिवारी, संजय तीर्थवानी, डॉ. मनोज शुक्ला, डॉ. नलिनी शुक्ला, डॉ. एस सी राय, प्रों क्रांति मिश्रा जी, रामनारायण त्रिपाठी, रत्नेश यादव, रामबाबू त्रिपाठी, अभिषेक तिवारी एवं धर्मावलंबी समाजसेवी सेवा न्यास के कार्यकर्ता एवं बड़ी संख्या में धर्मप्रेमी नागरिक उपस्थित रहे।
